हरिद्वार : राजा गार्डन स्थित श्री हनुमत गौशाला में चल रहे श्रीमद्भागवत ज्ञान यज्ञ सप्ताह के चतुर्थ दिवस पर भगवान श्रीकृष्ण जन्मोत्सव श्रद्धा, भक्ति और उल्लास के साथ मनाया गया। कथा व्यास महामंडलेश्वर स्वामी विज्ञानानंद सरस्वती जी महाराज ने श्रीकृष्ण जन्म की दिव्य कथा का रसपान कराते हुए कहा कि भगवान श्रीकृष्ण का अवतार धर्म की स्थापना, अधर्म के विनाश और मानवता के कल्याण के लिए हुआ था।

कथा के दौरान जैसे ही भगवान श्रीकृष्ण के जन्म का प्रसंग आया, पूरा पंडाल “नंद के आनंद भयो, जय कन्हैया लाल की” के जयघोष से गूंज उठा। श्रद्धालुओं ने फूलों की वर्षा की और भगवान लड्डू गोपाल का भव्य अभिषेक एवं झूला दर्शन किया। भजनों पर श्रद्धालु भावविभोर होकर झूम उठे और वातावरण भक्तिमय हो गया।
महामंडलेश्वर विज्ञानानंद सरस्वती जी महाराज ने अपने प्रवचन में कहा कि श्रीमद्भागवत केवल एक धार्मिक ग्रंथ नहीं, बल्कि जीवन जीने की दिव्य कला सिखाने वाला महाग्रंथ है। भगवान श्रीकृष्ण के आदर्शों को अपनाकर व्यक्ति अपने जीवन को सफल और सार्थक बना सकता है।
कार्यक्रम के अंत में सभी श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित किया गया। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने कथा एवं श्रीकृष्ण जन्मोत्सव में भाग लेकर धर्मलाभ प्राप्त किया। आयोजन समिति ने सभी भक्तों का आभार व्यक्त करते हुए आगामी कथा प्रसंगों में अधिक से अधिक संख्या में शामिल होने का आग्रह किया।
