दिनांक 15/16.12.2023 की मध्य रात्रि के समय कोतवाली रूडकी क्षेत्र ढण्ढेरा में एसबीआई एटीएम को स्कॉपियो सवार अज्ञात बदमाशों के द्वारा एटीएम मशीन को गैस कटर से काटकर एटीएम में रखी समस्त नकदी को चोरी कर ले जाने के सम्बन्ध में कोतवाली रुडकी पर मु0अ0सं0 786/2023 धारा 380,457 भादवि पंजीकृत किया गया था।

इस घटना से क्षेत्र में सनसनी फैल गई तथा मीड़िया में भी इसकी प्रमुखता से स्थान मिला स्थानीय स्तर पर लोगों द्वारा तरह की बातें करने से पुलिस के लिये भी एक बड़ा चेलेंज था।

घटना की संवेदनशीलता को देखते हुये वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक द्वारा तत्काल 04 अलग- अलग पुलिस टीमों का गठन करते हुए महत्वपूर्ण जानकारी प्रदान करते हुए घटना के सकुशल अनावरण हेतु निर्देशित किया गया। एंव स्वयं भी लगातार एसपी देहात, व सीओ रुड़की व खुलासे में लगी टीम सदस्यों से समय-समय पर बात करते प्रगति लेते रहे।

अभियुक्तों द्वारा घटना से पूर्व घटनास्थल को आने व जाने के मार्ग का पूर्व से निर्धारण किया जाता है तथा पुलिस से बचने हेतु टोल नॉको पर जाने वाले रास्तों से ना होकर छोटे-2 कस्बों के लिंक मार्गों का इस्तेमाल किया जाता है अभियुक्त इतने शातिर है कि घटना करने से पूर्व मोबाईल फोनों का इस्तेमाल नहीं करते थे तथा घटना में संबंधित राज्य के ही वाहनों का इस्तेमाल करते थे और घटना वाले जनपद या आस –पास के जनपद भी फर्जी नंबर प्लेटे लगाकर घटना वाले दिन वाहन को इस्तेमाल करते थे।

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर गठित पुलिस टीमों द्वारा आपस में समन्वय स्थापित करते हुये घटनास्थल के आसपास से सीसीटीवी फुटेज की गहनता से अवलोकन करते हुये एंव मेनुअल पुलिसिंग के आधार पर जानकारी प्राप्त की गयी कि उक्त वारदात को एक सफेद रंग की स्कॉपियो में सवार लगभग 05 व्यक्तियों के द्वारा अन्जाम दिया जाना पाया गया।

इसी क्रम में टीमों द्वारा उक्त स्कॉपियो सवार बदमाशों के आने-जाने के 300 किलोमीटर से अधिक लम्बे मार्ग के लगभग 800 से अधिक सीसीटीवी फुटेजों का दिन-रात गहनता से अवलोकन किया गया तो प्रकाश में आया कि उक्त घटना में संलिप्त अज्ञात अभियुक्तगण द्वारा घटना में प्रयुक्त स्कॉपियो की पुलिस से पहचान छिपाने हेतु दो अलग-2 राज्यो के किसी अन्य स्र्कोपियो वाहनों के फर्जी नम्बर प्लेटों का प्रयोग किया गया तथा स्र्कोपियो पर पुलिस से बचने व भ्रमित करने के लिए मूल स्वरूप में अलग-2 निशान बनवाये गये थे जिनको घटना कारित करने के बाद पुलिस को भ्रमित करने हेतु अलग-2 राज्यों में हटाये गये थे। पुलिस टीमों द्वारा पूर्व में इस तरह की वारदात को अन्जाम देने वाले विभिन्न राज्यों से जानकारी प्राप्त की गयी तो जानकारी मिली की इस तरह की घटनाओं को राजस्थान व हरियाणा के मेवात क्षेत्र के कुख्यात बदमाशों द्वारा अन्जाम दिया जाता है।

पुलिस टीमों द्वारा लगातार कड़ी मेहनत व लगन के साथ विगत 10 दिनों तक स्कॉपियो सवार बदमाशों के घटना के बाद जाने के मार्ग के सीसीटीवी फुटेज चैक करते-2 पंचगॉव मानेसर हरियाणा पहुँचे जहाँ पर एक दुकान पर सीसीटीवी फुटेज में पुलिस टीम को घटना में संलिप्त एक बदमाश स्र्कोपियो से उतरते हुये दिखायी दिया जिसका पूर्ण स्पष्ट चेहरा दिखायी दिया। जिसकी सीसीटीवी से फुटेज निकालकर पुलिस टीम द्वारा आसपास के सभी थाना क्षेत्रों में मुखवीर खास को दिखाकर शिनाख्त के प्रयास किये गये तो उक्त व्यक्ति की शिनाख्त सलमान पुत्र जाकिर हसन नि० ग्राम कलियाकी थाना तावडू जिला नूँह हरियाणा के रूप में हुयी।

पुलिस टीम द्वारा उक्त की अपराधिक पृष्ठभूमि की जानकारी की गयी तो उक्त व्यक्ति द्वारा अपने गिरोह के साथियों के साथ मिलकर अलग-2 राज्यों में एटीएम कटिंग के कई वारदातों को पूर्व में अन्जाम दिया जाना प्रकाश में आया। जिनकी धरपकड हेतु दिल्ली, उत्तर प्रदेश, राजस्थान व हरियाणा की पुलिस टीम एटीएम कटिंग व अन्य वारदातों में की जा रही थी।

उक्त गिरोह शातिर किस्म का था जिनके द्वारा पुलिस की पकड से बचने हेतु सामान्य कॉलों का इस्तेमाल ना कर केवल व्हाटसप कॉल के माध्यम से ही वार्ता की जा रही थी और लगातार अपने ठिकाने बदले जा रहे थे। इनसे एक कदम आगे निकलते हुए हरिद्वार पुलिस की टीमों द्वारा द्वारा लोकल स्तर के पहनावा आदि का इस्तेमाल व लोकल स्तर पर चलने वाले वाहनों का इस्तेमाल कर लगातार 14 दिन तक डेरा डालकर रैकी की जिसका अंत में सार्थक परिणाम सामने आया।

दिनांक 29.12.2023 को पुलिस टीम को सूचना मिली कि मुकदमे में संलिप्त अभियुक्त सलमान पुनः अपने गिरोह को इकट्ठा कर किसी अन्य राज्य में एटीएम कटिंग की वारदात को अन्जाम देने हेतु कहीं जाने की फिराक में है। जिस पर पुलिस टीम द्वारा आपसी समनव्य बनाते हुए सर्तकता के साथ अभियुक्त सलमान को तावडू कस्बे से गिरफ्तार किया गया। जिससे गहनता से पूछताछ करने पर उक्त घटना में अन्य साथी रफीक उर्फ बच्ची, सहुद, खालिद, शौकत का संलिप्त होना बताया गया जिनकी आपराधिक पृष्ठ भूमि के सम्बन्ध में जानकारी की गयी तो इन सभी के विरूद्ध भी एटीएम कटिंग व अन्य वारदातों के 15 से भी अधिक मुकदमे विभिन्न राज्यों में पंजीकृत हैं।

इसके अतिरिक्त घटना में प्रयुक्त स्कॉपियो वाहन के सम्बन्ध में जानकारी की गयी तो उक्त वाहन को घटना से प्राप्त धनराशि में से कुछ हिस्सा देना तय होने पर उक्त वाहन फर्जी नम्बर प्लेट लगाकर उपलब्ध करवाया गया। पुलिस टीम द्वारा इस पर एक टीम को घटना में प्रयुक्त वाहन स्र्कोपियो व वाहन स्वामी साबिर को गोपालगढ राजस्थान से मय वाहन स्र्कोपियो के गिरफतार किया गया। घटना में संलिप्त अन्य सभी अभियुक्तों के मस्कनों पर दबिशें दी गयी जो लगातार फरार चल रहे हैं जिनकी धरपकड हेतु लगातार प्रयास जारी है। इसके अतिरिक्त अभियुक्तगण की आपराधिक इतिहास की जानकारी प्राप्त की जा रही है।

एसएसपी की तरफ से पुलिस टीम को ₹5000 का और I.G गढ़वाल सर की तरफ से ₹10000 का इनाम दिया गया